न्यूज सीरिज न्यूज, बिजनेस डेस्क
New UPI Platformer : यूपीआइ की दुनिया में भुगतान के लिए नए प्लेटफार्मर की इंट्री के बाद फोनपे, गूगल पे जैसे बड़े खिलाड़ियों के ग्राहकों में लगातार कमी आई है। यूपीआई की दुनिया में आए नए प्लेटफार्मर पेमेंट करने पर ग्राहकों को जमकर आफर दे रहे है।
यह ऑफर ग्राहकों को अपनी तरफ आकर्षित कर रहे है और नए प्लेटफार्मर के पास ग्राहकों की संख्या लगातार बढ़ रही है और बड़े ब्रांड फोनपे व गूगल पे के पास कमी आ रही है। आपको बता दे कि फोनपे व गूगल पे की तरह इस बाजार में नवी, सुपरमनी, पॉप, कीवी और क्रेडिटपे जैसे नए ऐप्स ने इंट्री की है।
नवी, सुपरमनी, पॉप, कीवी और क्रेडिटपे ऐप्स ग्राहकों को पेमेंट करने पर कैशबैक व रिवॉर्डस प्वाइंट दे रहे है। जबकि बड़े प्लेयर फोनपे व गूगल पे ने कैशबैक को लगभग बंद ही कर दिया है। ऐसे में नए यूपीआई (New UPI) ऐप्स की दुनिया में आए नए ऐप्स तेजी से लोगों के फोन में जगह बना रहे है और इनके ग्राहक तेजी से बढ़ रहे है।
New UPI प्लेटफार्मर की नजर अन्य वित्तीय सेवाओं पर
नए यूपीआई प्लेटफार्मर से जहां फोनपे व गूगल पे के ग्राहक को प्रभावित कर रहा है। वहीं नए यूपीआई प्लेटफार्मर नवी, सुपरमनी, पॉप, कीवी और क्रेडिटपे का ग्राहकों को क्रेडिट कार्ड, पर्सनल लोन, ई-कॉमर्स और अन्य वित्तीय सेवाओं को जोड़ रहे है।
अन्य वित्तीय सेवाओं के माध्यम से यह ऐप्स कमाई का नया रास्ता अपना रहे है। हालांकि फिलहाल यह प्लेटफार्म कैशबैक व रिवाडर्स प्वाइंट को प्रचार का माध्यम बना रहे है और अपने कारोबार को तेजी से बढ़ा रहे हैं। यह अपनी रणनीति में कामयाब भी रहे हैं।
New UPI प्लेटफार्म तेजी से बढ़ रहे
नए यूपीआई प्लेटफार्म तेजी से आगे बढ़ रहे है। एनपीसीआई के आंकड़ों के अनुसार नवी यूपीआई (New UPI) का जनवरी से मई 2026 के बीच कुल लेनदेन 70.9 करोड़ से बढ़कर 82.4 करोड़ तक पहुंच गया है। इसी तरह सुपरमनी की बात की जाए तो इसका भी कारोबार काफी बढ़ा है।
सुपरमनी का लेनदेन 29.8 करोड़ से बढ़कर 41.9 करोड़ के आंकड़े को छू चुका है। इसी तरह अगर गूगल पे और फोनपे की संयुक्त हिस्सेदारी की बात की जाए तो जनवरी 2026 में इनकी हिस्सेदारी 83 प्रतिशत थी, लेकिन मई 2026 आते ही इसमें गिरावट दर्ज की गई।
मई 2026 में गूगल पे व फोनपे की हिस्सेदार 79 प्रतिशत रह गई है। ऐसे में नए यूपीआई प्लेटफार्म तेजी से ग्रोथ कर रहे है। यूपीआई के प्लेटफार्म नवी दो साल पहले 12वें स्थान पर था, लेकिन इतन इनी ग्रोथ की कि वह अब 12वें स्थान से छलांग लगाकर चौथे स्थान पर पहुंच गया है। अगर सुपरमनी की बात की जाए तो यह अगस्त 2024 में लॉन्च हुई थी और यूपीआई की दुनिया में अब पांचवें स्थान पर पहुंच गई।
New UPI का प्लेटफार्म क्रेडिट असली लक्ष्य
सामान्य यूपीआइ भुगतान पर कोई मर्चेंट डिस्काउंट रेट नहीं मिलता, इसलिए सीधे कमाई की गुंजाइश कम है। इसके विपरीत क्रेडिट कार्ड आधारित यूपीआइ में आय इंटरचेंज शुल्क से होती है, जिससे कंपनियां रिवॉर्ड व कैशबैक की लागत निकाल सकती हैं।
रेजरपे समर्थित पॉप ने यूपीआइ के साथ रिवॉर्ड व कॉमर्स मॉडल विकसित किया है। कंपनी व्यापारियों से मिले कमीशन का उपयोग कर पॉपकॉइन्स के जरिए ग्राहकों को खरीद पर लाभ देती है

